राजभाषा (सं घ के शासकीय प्रयोजनो के िलिए प्रयोग)िनयम,1976 (यथा सं श ोिधित

,
1987)
सा.का.िन. 1052 --राजभाषा अधिधििनयम, 1963 (1963 का 19) की धिारा 3 की उपधिारा (4) के साथ
पिठित धिारा 8 द्वारा प्रदत शिक्तियो का प्रयोग करते हु ए, केन्द्रीय सरकार िनम्निलििखित िनयम बनाती है,
अधथार्थातः-

1. संिक्षिप नाम, िविस्तार और प्रारम्भ-(क) इन िनयमो का संिक्षिप नाम राजभाषा (संघ के शासकीय प्रयोजनो के िलिए प्रयोग) िनयम, 1976 है।
(खि) इनका िविस्तार, तिमलिनाडु राज्य के िसविाय सम्पूर्णर्था भारत पर है।
(ग) ये राजपत मे प्रकाशन की तारीखि को प्रविृत होगे।

2. पिरभाषाएं -- इन िनयमो मे, जब तक िक संदभर्था से अधन्यथा अधपेिक्षित न होः(क) 'अधिधििनयम' से राजभाषा अधिधििनयम, 1963 (1963 का 19) अधिभप्रेत है;
(खि) 'केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय' के अधन्तगर्था त िनम्निलििखित भी है, अधथार्थातः(क) केन्द्रीय सरकार का कोई मंतालिय, िविभाग या कायार्थालिय;
(खि) केन्द्रीय सरकार द्वारा िनयुक्ति िकसी आयोग, सिमित या अधिधिकरण का कोई कायार्थालिय; और
(ग) केन्द्रीय सरकार के स्विािमत्वि मे या िनयंतण के अधधिीन िकसी िनगम या कम्पनी का कोई कायार्थालिय;
(ग) 'कमर्था चारी' से केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय मे िनयोिजत कोई व्यिक्ति अधिभप्रेत है;
(घ) 'अधिधिसूर्िचत कायार्थालिय' से िनयम 10 के
उपिनयम (4) के अधधिीन अधिधिसूर्िचत कायार्थालिय, अधिभप्रेत है;
(ड़) 'िहन्दी मे प्रविीणता' से िनयम 9 मे वििणर्था त प्रविीणता अधिभप्रेत है ;
(च) 'क्षिेत क' से िबहार, हिरयाणा, िहमाचलि प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उतर प्रदेश राज्य तथा
अधंडमान और िनकोबार द्वीप समूर्ह, िदल्ली संघ राज्य क्षिेत अधिभप्रेत है;

(छ) 'क्षिेत खि' से गुजरात. राज्यो आिद और केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो से िभन कायार्थालियो के साथ पतािद(1) केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय से क्षिेत 'क' मे िकसी राज्य या संघ राज्य क्षिेत को या ऐसे राज्य या संघ राज्य क्षिेत मे िकसी कायार्थालिय (जो केन्द्रीय सरकार का कायार्थालिय न हो) या व्यिक्ति को पतािद अधसाधिारण दशाओं को छोड़कर िहन्दी मे होगे और यिद उनमे से िकसी को कोई पतािद अधंग्रेजी मे भेजे जाते है तो उनके साथ उनका िहन्दी अधनुविाद भी भेजा जाएगा। (2) केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय से-(क) क्षिेत 'खि' मे िकसी राज्य या संघ राज्यक्षिेत को या ऐसे राज्य या संघ राज्य क्षिेत मे िकसी कायार्थालिय (जो केन्द्रीय सरकार का कायार्थालिय न हो) को पतािद सामान्यतया िहन्दी मे होगे और यिद इनमे से िकसी को कोई पतािद अधंग्रेजी मे भेजे जाते है तो उनके साथ उनका िहन्दी अधनुविाद भी भेजा जाएगाः परन्तु यिद कोई ऐसा राज्य या संघ राज्य क्षिेत यह चाहता है िक िकसी िवििशष विगर्था या प्रविगर्था के पतािद या उसके िकसी कायार्थालिय के िलिए आशियत पतािद संबद राज्य या संघ राज्यक्षिेत की सरकार द्वारा िवििनिदर्था ष अधवििधि तक अधंग्रेजी या िहन्दी मे भेजे जाएं और उसके साथ दस ूर् री भाषा मे उसका अधनुविाद भी भेजा जाए तो ऐसे पतािद उसी रीित से भेजे जाएं गे . महाराषर और पंजाब राज्य और चंडीगढ़ संघ राज्य क्षिेत अधिभप्रेत है. (झ) 'िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान' से िनयम 10 मे वििणर्था त कायर्था साधिक ज्ञान अधिभप्रेत है । 3. क्षिेत 'ग' मे केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय से क्षिेत 'क'या'खि'मे िकसी राज्य या संघ राज्यक्षिेत को या ऐसे राज्य मे िकसी कायार्थालिय (जो केन्द्रीय सरकार का कायार्थालिय न हो) या व्यिक्ति को पतािद िहन्दी या अधंग्रेजी मे हो सकते है । परन्तु िहन्दी मे पतािद ऐसे अधनुपात . (खि) क्षिेत 'खि' के िकसी राज्य या संघ राज्य क्षिेत मे िकसी व्यिक्ति को पतािद िहन्दी या अधंग्रेजी मे भेजे जा सकते है। (3) केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय से क्षिेत 'ग' मे िकसी राज्य या संघ राज्यक्षिेत को या ऐसे राज्य मे िकसी कायार्थालिय (जो केन्द्रीय सरकार का कायार्थालिय न हो)या व्यिक्ति को पतािद अधंग्रेजी मे होगे। (4) उप िनयम (1) और (2) मे िकसी बात के होते हु ए भी. (ज) 'क्षिेत ग' से खिंड (च) और (छ) मे िनिदर्था ष राज्यो और संघ राज्य क्षिेतो से िभन राज्य तथा संघ राज्य क्षिेत अधिभप्रेत है.

िहन्दी मे पतािद भेजने की सुिविधिाओं और उससे आनुषंिगक बातो को ध्यान मे रखिते हु ए समय-समय पर अधविधिािरत करे . िहन्दी मे पतािद भेजने की सुिविधिाओं और उससे आनुषंिगक बातो को ध्यान मे रखिते हु ए समय-समय पर अधविधिािरत करे। 4. (ग) क्षिेत 'क' मे ित स्थत केन्द्रीय सरकार के ऐसे कायार्थालियो के बीच. (खि) केन्द्रीय सरकार के एक मंतालिय या िविभाग और क्षिेत 'क' मे ित स्थत संलिग या अधधिीनस्थ कायार्थालियो के बीच पतािद िहन्दी मे होगे और ऐसे अधनुपात मे होगे जो केन्द्रीय सरकार. (घ) क्षिेत 'क' मे ित स्थत केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो और क्षिेत 'खि' या 'ग'मे ित स्थत केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो के बीच पतािद िहन्दी या अधंग्रेजी मे हो सकते है. समय-समय पर अधविधिािरत करे. केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो के बीच पतािद(क) केन्द्रीय सरकार के िकसी एक मंतालिय या िविभाग और िकसी दस ूर् रे मंतालिय या िविभाग के बीच पतािद िहन्दी या अधंग्रेजी मे हो सकते है. िहन्दी मे पतािद भेजने की सुिविधिाओं और उससे आनुषंिगक बातो को ध्यान मे रखिते हु ए समय-समय पर अधविधिािरत करे . पतािद िहन्दी मे होगे. परन्तु जहां ऐसे पतािद-- . परन्तु ये पतािद िहन्दी मे ऐसे अधनुपात मे होगे जो केन्द्रीय सरकार ऐसे कायार्थालियो मे िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान रखिने विालिे व्यिक्तियो की संख्या. िहन्दी मे पतािद भेजने की सुिविधिाओं और उससे संबंिधित आनुषंिगक बातो को ध्यान मे रखिते हु ए.मे होगे जो केन्द्रीय सरकार ऐसे कायार्थालियो मे िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान रखिने विालिे व्यिक्तियो की संख्या. (ङ) क्षिेत 'खि' या 'ग' मे ित स्थत केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो के बीच पतािद िहन्दी या अधंग्रेजी मे हो सकते है. जो खिण्ड (क) या खिण्ड (खि) मे िवििनिदर्था ष कायार्थालियो से िभन है. ऐसे कायार्थालियो मे िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान रखिने विालिे व्यिक्तियो की संख्या. परन्तु ये पतािद िहन्दी मे ऐसे अधनुपात मे होगे जो केन्द्रीय सरकार ऐसे कायार्थालियो मे िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान रखिने विालिे व्यिक्तियो की संख्या.

पतािद प्राप करने के स्थान पर िकया जाएगा. अधपीलि या अधभ्याविेदन िहन्दी या अधंग्रेजी मे कर सकता है। (2) जब उपिनयम (1) मे िवििनिदर्था ष कोई आविेदन. यथाित स्थित. िहन्दी मे पतािद के उतर केन्द्रीय सरकार के कायार्थालिय से िहन्दी मे िदए जाएं गे । 6. िजसका कमर्था चारी पर तामीलि िकया जाना अधपेिक्षित है. (ii) क्षिेत 'ग' मे िकसी कायार्थालिय को संबोिधित है विहां. उनका दस ूर् री भाषा मे अधनुविाद. िनष्पािदत की जाती है और जारी की जाती है। 7. िहन्दी और अधंग्रेजी दोनो का प्रयोगअधिधििनयम की धिारा 3 की उपधिारा (3) मे िनिदर्था ष सभी दस्ताविेजो के िलिए िहन्दी और अधंग्रेजी दोनो का प्रयोग िकया जाएगा और ऐसे दस्ताविेजो पर हस्ताक्षिर करने विालिे व्यिक्तियो का यह उतरदाियत्वि होगा िक विे यह सुिनित श्चत कर लिे िक ऐसी दस्ताविेजे िहन्दी और अधंग्रेजी दोनो ही मे तैयार की जाती है. परन्तु यह और िक यिद कोई पतािद िकसी अधिधिसूर्िचत कायार्थालिय को संबोिधित है तो दस ूर् री भाषा मे ऐसा अधनुविाद उपलिब्धि कराने की अधपेक्षिा नही की जाएगी । 5.(i) क्षिेत 'क' या क्षिेत 'खि' िकसी कायार्थालिय को संबोिधित है विहां यिद आविश्यक हो तो. आविेदन. िहन्दी मे प्राप पतािद के उतर-िनयम 3 और िनयम 4 मे िकसी बात के होते हु ए भी. उनका दस ूर् री भाषा मे अधनुविाद. अधपीलि या अधभ्याविेदन िहन्दी मे िकया गया हो या उस पर िहन्दी मे हस्ताक्षिर िकए गए हो. उनके साथ भेजा जाएगा. अधभ्याविेदन आिद(1) कोई कमर्था चारी आविेदन. िहन्दी या अधंग्रेजी मे होनी चािहए तो विह उसे अधसम्यक िविलिम्ब के िबना उसी भाषा मे दी जाएगी। . तब उसका उतर िहन्दी मे िदया जाएगा। (3) यिद कोई कमर्था चारी यह चाहता है िक सेविा संबंधिी िविषयो (िजनके अधन्तगर्था त अधनुशासिनक कायर्था विािहयां भी है) से संबंिधित कोई आदेश या सूर्चना.

िजन्हे िहन्दी मे प्रविीणता प्राप है.8. जो िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान रखिता है. आदेश द्वारा ऐसे अधिधिसूर्िचत कायार्थालियो को िवििनिदर्था ष कर सकती है जहां ऐसे कमर्था चािरयो द्वारा.या (खि) स्नातक परीक्षिा मे अधथविा स्नातक परीक्षिा की समतुल्य या उससे उच्चतर िकसी अधन्य परीक्षिा मे िहन्दी को एक विैकित ल्पक िविषय के रूप मे िलिया हो. अधन्यथा नही। (3) यिद यह प्रश्न उठिता है िक कोई िवििशष दस्ताविेज िवििधिक या तकनीकी प्रकृित का है या नही तो िविभाग या कायार्थालिय का प्रधिान उसका िवििनश्चय करेगा। (4) उपिनयम (1) मे िकसी बात के होते हु ए भी. केविलि िहन्दी का प्रयोग िकया जाएगा । 9. िटिप्पण. केन्द्रीय सरकार. केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो मे िटिप्पणो का िलिखिा जाना (1) कोई कमर्था चारी िकसी फाइलि पर िटिप्पण या कायर्था विृत िहंदी या अधंग्रेजी मे िलिखि सकता है और उससे यह अधपेक्षिा नही की जाएगी िक विह उसका अधनुविाद दस ूर् री भाषा मे प्रस्तुत करे। (2) केन्द्रीय सरकार का कोई भी कमर्था चारी. िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान(1) (क) यिद िकसी कमर्था चारी ने- . तो उसके बारे मे यह समझा जाएगा िक उसने िहन्दी मे प्रविीणता प्राप कर लिी है । 10. िहन्दी मे िकसी दस्ताविेज के अधंग्रेजी अधनुविाद की मांग तभी कर सकता है. या (ग) यिद विह इन िनयमो से उपाबद प्ररूप मे यह घोषणा करता है िक उसे िहन्दी मे प्रविीणता प्राप है. प्रारूपण और ऐसे अधन्य शासकीय प्रयोजनो के िलिए. जो आदेश मे िवििनिदर्था ष िकए जाएं . िहन्दी मे प्रविीणतायिद िकसी कमर्था चारी ने(क) मैिटिर क परीक्षिा या उसकी समतुल्य या उससे उच्चतर कोई परीक्षिा िहन्दी के माध्यम से उतीणर्था कर लिी है. जब विह दस्ताविेज िवििधिक या तकनीकी प्रकृित का है.

प्रिक्रिया संबंधिी अधन्य सािहत्य. तो उसके बारे मे यह समझा जाएगा िक उसने िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान प्राप कर िलिया है। (2) यिद केन्द्रीय सरकार के िकसी कायार्थालिय मे कायर्था करने विालिे कमर्था चािरयो मे से अधस्सी प्रितशत ने िहन्दी का ऐसा ज्ञान प्राप कर िलिया है तो उस कायार्थालिय के कमर्था चािरयो के बारे मे सामान्यतया यह समझा जाएगा िक उन्होने िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान प्राप कर िलिया है। (3) केन्द्रीय सरकार या केन्द्रीय सरकार द्वारा इस िनिमत िवििनिदर्था ष कोई अधिधिकारी यह अधविधिािरत कर सकता है िक केन्द्रीय सरकार के िकसी कायार्थालिय के कमर्था चािरयो ने िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान प्राप कर िलिया है या नही। (4) केन्द्रीय सरकार के िजन कायार्थालियो मे कमर्था चािरयो ने िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान प्राप कर िलिया है उन कायार्थालियो के नाम राजपत मे अधिधिसूर्िचत िकए जाएं गे. मैनुअधलि.या (iii) केन्द्रीय सरकार द्वारा उस िनिमत िवििनिदर्था ष कोई अधन्य परीक्षिा उतीणर्था कर लिी है. संिहताएं . परन्तु यिद केन्द्रीय सरकार की राय है िक िकसी अधिधिसूर्िचत कायार्थालिय मे काम करने विालिे और िहन्दी का कायर्था साधिक ज्ञान रखिने विालिे कमर्था चािरयो का प्रितशत िकसी तारीखि मे से उपिनयम (2) मे िवििनिदर्था ष प्रितशत से कम हो गया है. तो विह राजपत मे अधिधिसूर्चना द्वारा घोिषत कर सकती है िक उक्ति कायार्थालिय उस तारीखि से अधिधिसूर्िचत कायार्थालिय नही रह जाएगा । 11. या (खि) यिद विह इन िनयमो से उपाबद प्ररूप मे यह घोषणा करता है िक उसने ऐसा ज्ञान प्राप कर िलिया है. या (ii) केन्द्रीय सरकार की िहन्दी परीकााा योजना के अधन्तगर्था त आयोिजत प्राज्ञ परीक्षिा या यिद उस सरकार द्वारा िकसी िवििशष प्रविगर्था के पदो के सम्बन्धि मे उस योजना के अधन्तगर्था त कोई िनम्नतर परीक्षिा िवििनिदर्था ष है. विह परीक्षिा उतीणर्था कर लिी है.(i) मैिटिर क परीक्षिा या उसकी समतुल्य या उससे उच्चतर परीक्षिा िहन्दी िविषय के साथ उतीणर्था कर लिी है. लिेखिन सामग्री आिद- .

(1) केन्द्रीय सरकार के कायार्थालियो से संबंिधित सभी मैनुअधलि. सूर्चना पट. परन्तु यिद केन्द्रीय सरकार ऐसा करना आविश्यक समझती है तो विह. संिहताएं और प्रिक्रिया संबंधिी अधन्य सािहत्य. मुिद्रत या साइक्लिोस्टिाइलि िकया जाएगा और प्रकािशत िकया जाएगा। (2) केन्द्रीय सरकार के िकसी कायार्थालिय मे प्रयोग िकए जाने विालिे रिजस्टिरो के प्ररूप और शीषर्था क िहन्दी और अधंग्रेजी मे होगे। (3) केन्द्रीय सरकार के िकसी कायार्थालिय मे प्रयोग के िलिए सभी नामपट. मुिद्रत या उत्कीणर्था होगी. केन्द्रीय सरकार के िकसी कायार्थालिय को इस िनयम के सभी या िकन्ही उपबन्धिो से छूर्टि दे सकती है। 12. साधिारण या िविशेष आदेश द्वारा. पतशीषर्था और िलिफाफो पर उत्कीणर्था लिेखि तथा लिेखिन सामग्री की अधन्य मदे िहन्दी और अधंग्रेजी मे िलिखिी जाएं गी. उपखिंड (i) मे प्रकाशनाथर्था ] भारत सरकार गृह मंतालिय राजभाषा िविभाग . िहन्दी और अधंग्रेजी मे िद्वभािषक रूप मे यथाित स्थित. अधनुपालिन का उतरदाियत्वि(1) केन्द्रीय सरकार के प्रत्येक कायार्थालिय के प्रशासिनक प्रधिान का यह उतरदाियत्वि होगा िक विह-(i) यह सुिनित श्चत करे िक अधिधििनयम और इन िनयमो के उपबंधिो और उपिनयम (2) के अधधिीन जारी िकए गए िनदेशो का समुिचत रूप से अधनुपालिन हो रहा है. खिंड 3.और (ii) इस प्रयोजन के िलिए उपयुक्ति और प्रभाविकारी जांच के िलिए उपाय करे । (2) केन्द्रीय सरकार अधिधििनयम और इन िनयमो के उपबन्धिो के सम्यक अधनुपालिन के िलिए अधपने कमर्था चािरयो और कायार्थालियो को समय-समय पर आविश्यक िनदेश जारी कर सकती है । [भारत का राजपत. भाग-2.

का. छतीसगढ. (अध). अधथार्थात्:(च) “क्षिेत क” से िबहार. I/14034/02/2007-रा. 1976 द्वारा प्रकािशत िकए गए और पश्चातविती संशोधिन सा. राजभाषा (संघ के शासकीय प्रयोजनो के िलिए प्रयोग) िनयम. उतर प्रदेश. 1976 का और संशोधिन करने के िलिए िनम्निलििखित िनयम बनाती है.नई िदल्ली. झारखिंड. 1052 तारीखि 17 जुलिाई. हिरयाणा.आ. भारत सरकार नोटि:.सं. िहमाचलि प्रदेश. ’ [(फा.विल्सलिा जी.िन.िन. 1976 मे िनयम 2 के खिंड (च) के स्थान पर िनम्निलििखित खिंड रखिा जाएगा. -. 1963 (1963 का 19) की धिारा 3 की उपधिारा (4) के साथ पिठित धिारा 8 द्वारा प्रदत शिक्तियो का प्रयोग करते हु ए.कु टी) सं यु क्ति सिचवि. िदनांक: अधगस्त.(नीित-1)] (पी. 790 तारीखि 24 अधक्तिूर्बर. राजस्थान. राजभाषा (संघ के शासकीय प्रयोजनो के िलिए प्रयोग) िनयम.मूर्लि िनयम भारत के राजपत मे सा. राजभाषा अधिधििनयम.विी.केन्द्रीय सरकार.भा. 2007 है । (2) ये राजपत मे प्रकाशन की तारीखि को प्रविृत होगे । 2. 1987 द्वारा िकए गए । . मध्यप्रदेश.का. (1) इन िनयमो का संिक्षिप नाम राजभाषा (संघ के शासकीय प्रयोजनो के िलिए प्रयोग) संशोधिन िनयम. अधथार्थात:1. उतराखिंड और राषरीय राजधिानी क्षिेत िदल्ली तथा अधंडमान और िनकोबार द्वीप समूर्ह संघ राज्य क्षिेत’ अधिभप्रेत है. 2007 अधिधिसूर्चना का.