यायालय,ए.सी.जे. (जे.ड .) ए ड जे.एम.

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जयपुर शहर जयपुर
ूोटे ःट पट शन संया ................/वष..2008
इकबाल राय जैन बनाम बलराम सहाय व अय
एफ़.आई.आर.न&बर 692/2007
एफ़.आर.न&बर 661/2007
जुम दफ़ा 419,420,120 B,467,468,471 IPC
िल)खत बहस ,ारा प-रवाद इकबाल राय जैन बाबत ूोटे ःट पट सन
ौीमानजी,
प-रवाद क/ ओर से ूोटे ःट पट सन पर िन&न िल)खत बहस ूःतुत है :१. यह 2क प-रवाद ने मायनीय यायालय के सम3 एक प-रवाद
अिभयुकवग के व67 धारा 156 (3) सी.आर.पी.सी. के तहत पुिलस
थाना वैशाली नगर जयपुर को अनुसंधान के िलये िभजवायी थी,और
दौरान अनुसंधान प-रवाद ने उ= जांच ऐजेसी को व समःत अिभलेखी
व मौ)खक साआय उपलAध कराये,)जसके आधार पर अिभयु=गण के 
व67 बखूबी जुम दफ़ा 419,420,120 B,467,468,471,भारतीय दं ड
स2हं ता के तहत अपराध बनता है ,उ= मौ)खक व अिभलेखी साआय िन&न
अनुसार है :(क) अिभयु= संया एक बलराम सहाय पुऽ ौी ह-रचद सहाय,ने
माननीय अEय3 महोदया राजःथान म2हला आयोग जयपुर,मF अिभयु=
संया 3 के ,ारा क/ गयी िशकायती पऽ मF शपथ पऽ ूःतुत 2कया,और
उसमF अपने साथ ौीमती आशा दे वी पGी बलराम सहाय,िनवासी 159 A

ऋष नगर लुिधयाना,पंजाब मF 2दनां2कत 31/8/2007 को खुद को
अिभयु= संया तीन का पता व अिभयु= संया दो का पित बताते
हुये,तथा सहिनवास का पता दशाते हुये 2दया है .जब2क मतदाता सूचीपऽ के बमांक संया 19 के मकान न&बर 159A, मF आशा दे वी को
कृ ंणदे व क/ पGी दशाया गया है ,और उ= बात क/ पुL माननीय 
यायालय मF एक अय दज प-रवाद ौीमती कोमल जैन बनाम डाMटर
अिमत जैन अतगत धारा घरे लू म2हला 2हं सा अिधिनयम मF 2दये
गये,अिभयु= संया एक के ,ारा 2दये गये शपथ पऽ मF ःवयं को कोमल
जैन का पता बताया गया है ,तथा राOय-म2हला आयोग के सम3 2दये
गये िशकायती पऽ के पेज न&बर दो के पैरा तीन लाइन दो के अ)तम
शAदP मF अिभयु= संया तीन ने ःपL Qप से प-रवाद / िल)खत बहस
दा)खल कता के पुऽ पर आरोप लगाया है ,2क "मR अपने पताजी से नगद
6पया मांगूँ,तथा इसी पैरा के लाइन संया छ: मF वषेष Qप से इवटU ड
कोमास के अदर िलखा गया,"अपने बाप से हमे पैसे लाकर दF ",इसी बम
मF अिभयु= संया तीन के िशकायती पऽ के पेज संया तीन के पैरा दो
क/ लाइन संया दो से लेकर के पांच मF पुन: प-रवाद के पुऽ पर आरोप
लगाया,2क वह उसको व उसके पता को 2कसी कानूनी कायवाह या जान
से मारने जैसी घटना घ2टत करने का काVपिनक मनगढं त तXय र2हत
आरोप गढा है ,और इसी िशकायती पऽ के पैरा संया तीन क/ लाइन
संया चार मF पुन: अिभयु= संया तीन ने प-रवाद के पुऽ पर मनगढं त
काVपिनक मुकYमे मF रं ग लाने के उYे ँय से पुन: आरोप लगाया,2क वह
मेरे माता पता को जान से मारने क/ धमक/ दे ते हR .

(ख) यह 2क उपरो= बलराम सहाय ने जांच ऐजेसी के सम3 प-रवाद
,ारा द गयी मतदाता सूची )जसमF ःपL Qप से बमांक संया 754 मF
मकान न&बर 630/10/NV कुदनपुर लुिधयाना पर अिभयु= संया
एक क/ पGी ौीमती राजकुमार ,व उसके पुऽ जो 2क बमांक संया
742,743,744, और 745 मF प-रल)3त है ,2क वह पंकज और वनय का 
पता व ौी राजकुमार का पित व ौीमती नेहा व ौीमती पूजा का ःवसुर
भी है ,जानकार होने के उपरात उ= जांच ऐजेसी को गुमराह करने के
उYे ँय से उ= तXयP को ःवीकार 2कया 2क ौीराजकुमार व ब[चे मेरे
साथ मतदाता सूची मF 2दये गये पते पर रहते हR ,और वह 159A
ऋषनगर िनवासी ौीमती आशादे वी बेवा कृ ंण दे व के यहां िसफ़ आना
जाना ःवीकार 2कया है ,और उस पूंछतांछ नोट मF यह भी ःपLQप से
ःवीकार 2कया 2क वह कोमल जैन का न तो द\क पता है ,और न ह
उसने कभी उसे गोद िलया है ,और न ह कभी कोई गोदनामा िलखाजाना
ःवीकार 2कया है ,इस ूकार वह लगातार उ= जांच ऐजेसी को धोखा दे ने
क/ कोिशश करता रहा,इसका पुता सबूत इस बात से िमलता है 2क
थाना वैशाली नगर जयपुर मF अिभयु= के व67 उपरो= व)णत धाराओं
मF मुकYमा पंजीकृ त हो जाने के उपरात अपर सैशन यायाधीश बम
संया (सात) जयपुर राजःथान के व,ान पीठाशीन अिधकार के सम3
अिमम जमानत ूाथना पऽ 159/2007 मF पा-रत आदे श के पेज संया
दो क/ लाइन संया 7,8,9, मF ःपL Qप से प-रल)3त है 2क ौी बलराम
सहाय ने अपने को द\क पता ौीमती कोमल जैन का माना है ,इसी
आधार पर माननीय सैशन यायाधीश महोदय ने अिभयु= गणP को
पचास हजार 6पये के _य=गत बंध पऽ व प[चीस प[चीस हजार 6पये
क/ दो दो ूितभू जमानत के िलये इस शत पर आदे िशत 2कया था 2क वह

अनुसंधान मF सहयोग करF गे,अिभयोजन के साआय को खुद बुद करने का
ूयास नह करF गे,और अिधका-रता रखने वाले यायालय क/ पूवानुमित
के बना भारत क/ सीमा से बाहर नह जायFगे,यह आदे श माननीय सैशन 
यायाधीश साहब ने 2दनांक 4/10/2007 को पा-रत 2कया था,परं तु
अिभयु= गणP क/ हठधिमता का अपरािधक ूवृ\ को दै िनक 2बया
कलाप मF सािमल 2कये जाने का अदाजा इसी बात से लगाया जा सकता
है ,2क आज तक उ= आदे श का पालन अिभयु= गणP ने नह 2कया है .
(ग) यह 2क ौीमती आशा दे वी पGी कृ ंणदे व एक चालाक बे-ईमान छल
व ूपंच करने वाली म2हला के वषय मF माननीय यायालय को
प-रवाद /िल)खत बहस कता मौ)खक और अिभलेखी साआय के वषय मF
ूकाश डालना चाहता है ,2क अिभयु= संया 2 ने ःवयं को बलराम
सहाय क/ पGी तथा पुऽी कोमल को उससे उ`पन हुई संतान बताया
है ,जो 2क लगातार अिभयु= संया तीन के ,ारा 2दये गये िशकायती पऽ
मF 2दये गये शपथ पऽ व माननीय यायालय के सम3 प-रवाद संया
48 / 2007 ौीमती कोमल जैन बनाम अिमत जैन व अय मF 2दये गये
शपथ पऽ 2दनां2कत 5/4/2007 मF अपने को बलराम सहाय क/ पGी
माना और इसी बम मF 2दनां2कत 31/1/2007 को 2दया गया शपथ पऽ
सम3 राजःथान-राOय-म2हला आयोग जयपुर मF ःवयं को बलराम
सहाय क/ पGी ःवीकार 2कया है ,और प-रवाद ,ारा दज कराये गये
एफ़.आई.आर. संया 692/2007 मF माननीय जांच अिधकार थाना
वैशाली नगर जयपुर मF पूंछताछ नोट मF ःवयं को कृ ंणदे व क/ वधवा
ःवीकार 2कया है ,और अपने पित का ःवगवास 2दनांक 26/2/1981 मF
होना बताया है ,और उ= बलराम सहाय को माऽ अपना सहानुभूित कता

माना है ,परतु उ= अिभयु= संया 2 लगातार 2दनांक 30/11/2007 से
पूव कभी भी इस बात का अहसास 2कसी भी स3म यायालय मF या
2कसी भी जांच ऐजेसी चाहे वह राOय म2हला आयोग रहा हो या 2फ़र
ःवयं माननीय यायालय मF 2दये गये शपथ पऽ रहे हP,मF अपने को
कृ ंणदे व क/ बेवा ःवीकार नह 2कया,और अपने को वह ौी बलराम
सहाय क/ पGी ह बताती रह ,उ= वषय को बखूबी बल उस समय और
ूदान हो जाता है जब माननीय यायालय प-रवाद /िल)खत बहस कता
के ,ारा उ= जांच ऐजेसी के सम3 शाद के वह फ़ोटोमाझस ूःतुत 2कये
)जसमे अिभयु= संया 1 और 2 ने पित-पGी के Qप मF शाद मF वशेष
Qप से िसफ़ और िसफ़ 2हद ू संःकारP के तहत जो कायबम लडक/ के
माँ-बाप के ,ारा ह 2कये जाते है ,चाहे वह कयादान क/ रःम हो,या
वरवधू को आशीवाद दे ने क/ रःम हो,को उ= दोनो अिभयु= गण ने पूण
Qप से पित और पGी ूदिशत करते हुये स&पूण रःमP क/ अदायगी क/
है ,उ= रःम क/ फ़ोटोमाफ़ जांच अिधकार / अ)तम -रपोट पेशकता ने
माननीय यायालय मF बद िलफ़ाफ़े के साथ ूःतुत 2कये,इस ूकार
उपरो= अिभयु= संया 2 आशा दे वी ने कभी भी प-रवाद व उसके पुऽ व
अय प-रवार जनP को व माननीय यायालय को यह ूदिशत नह होने
2दया 2क वह ौी बलराम सहाय क/ पGी न होकर के ःवगbय कृ ंणदे व क/
बेवा है .और इस ूकार उ= अिभयु= संया 2

ने अतगत धारा

419,420,468,471 A,120 B,भारतीय दं ड सं2हता का अपराध 2कया
है ,)जसके िलये वह दं ड क/ भागीदार है .
(२) यह 2क इस ूकार प-रवाद /िल)खत बहस कता के ,ारा 2दये गये
तमाम मौ)खक व अिभलेखी दःतावेजी साआय )जसका 2क वःतृत
उVलेख उपरो= िल)खत कथन मF प-रवाद ने 2कया है ,उ= वषयक को

स&पूण जांच पडताल करने के उपरात जांच अिधकार ने ःवयं अपने 
ववेकानुसार पुिलस ॄीफ़ मF उ= मु)VजमानP के व67 धारा
419,120B,भारतीय दं ड सं2हता मF बखूभी साबत माना .और उ= वषय
के स&बध मF उ= जांच अिधकार ने माननीय ए.पी.पी. महोदय से
कानूनी राय अनुरोिधत क/,)जसपर माननीय ए.पी.पी.महोदय ने
पऽावली पर उपलAध दःतावेजी व मौ)खक साआय का बार क/ से
प-रशीलन न करते हुये,सरसर तौर पर एफ़.आर. के िलये आमराय
2दनांक 9/12/2007 को ूितूेषत कर द .
(३) यह 2क प-रवाद को व उसके पुऽ और अय प-रवार जनो को शाद
से पूव तथा शाद के उपरात भी उपरो= प-रवाद मF पूंछतांछ नोट से पूव
कभी भी यह तXय सामने नह आने 2दया 2क वह प-रवाद को 2कस
ूकार से षडयऽ के तहत 2कसी अय वधवा को अपनी पGी तथा
उसक/ पुऽी को अपनी पुऽी और उपरो= किथत वधवा व उसक/ पुऽी ने
अपने वाःतवक पता कृ ंणदे व के वषय मF नह बताया,तथा लगातार
वह माननीय यायालय व अय जांच ऐजे)सयP को भे उपरो= व)णत
अिभयु=गण प-र पGी और पुऽी बताते आये तथा 159A ऋषनगर
लुिधयाना का मूलिनवासी बताते हुये अपनी पूवि नयो)जत योजना के
तहत प-रवाद व उसके पुऽ व प-रवार जनो को झांसे मF लाकर के शाद
जैसे पवऽ संःकार को 2बया)वत करके,Aलैक-मेल करने का अपराध
का-रत 2कया,और इसी के तहत लगातार प-रवाद और उसके प-रवार
जनो को विभन झूठे मुकYमP मे फ़ंसाने क/ सा)जस करते आ रहे है .
(४) यह 2क उपरो= व)णत मु)VजमानP ने जालसाजी करके ूलोभन के
वशीभूत होकर अपनी पूवि नयो)जत योजना के तहत को 2दनांक
6/12/2004 को प-रवाद के पुऽ अिमत जैन क/ शाद लुिधयाना िनवासी

कोमल शमा के साथ 2हद ू र ित -रवाज के साथ झारखंड-मै-रज-हाल
जयपुर मF स&पन करयी,और शाद के समय प-रवाद के पुऽ क/ सास व
ःवसुर ने अपना नाम आशा शमा और बलराम सहाय बताया,और कोमल
ने अपने पता का नाम ौी बलराम सहाय और माता का नाम आशा शमा
बताया,शाद काड मF भी आशा शमा के पित व कोमल शमा के पता के
Qप मF ौी बलराम सहाय का नाम िलखा हुआ था.
(५) यह 2क अिभयु= संया 1,2 व 3 ने शाद से पूव सभी तXय गलत
बताये,जब2क वाःतवक )ःथित माननीय यायालय के सम3
अनुसंधान अिधकार के ,ारा ूःतुत क/ गयी एफ़.आर. मF उपलAध
अिभलेखी व मौ)खक साआयP मF ःपL हो जाती है .
(६) यह 2क अिभयु= गण तरकस िगरोह बद,बेहद चालाक,और शाितर
2दमाग के _य= है ,MयP2क वे लगातार अपने को एक प-रवार का सदःय
ूदिशत करते रहे ,जब2क अभु= संया 1 तथा अिभयु= संया 2 व 3
दोनो अलग अलग प-रवार हR ,अिभयु= संया 2 के पित कृ ंणदे व क/
मृ`यु के उपरात ह अिभयु= संया 2 ने अनुक&पा िनयु= आयकर 
वभाग मF ूाj क/ थी.
(७)

यह

2क

उपरो=

अिभयु=

गण

सुिनयो)जत

तर के

से

प-रवाद /िल)खत बहस कता के पुऽ के साथ शाद रचा कर के झूठे और
फ़जb मुकYमे प-रवाद /िल)खत बहस कता के अथक मेहनत व ूायास के
,ारा अ)जत स&प\ को हडपने के लालच के वशीभूत होकर षडयऽ के
तहत उ= ब`य 2कया.
(८) यह 2क प-रवाद /िल)खत बहस कता ने अिभयु= गणP क/ वोटरिलःट व शाद मF खींचे गये फ़ोतोमाफ़ व अिभयु= गणो के ,ारा 2दये गये
िशकायती पऽP क/ छाया ूित व राOय-म2हला-आयोग मF 2दये गये शपथ

पऽ क/ छाया ूित व घरे लू म2हला 2हं सा अिधिनयम के मुकYमा न&बर
48/2007 ौीमती कोमल जैन बनाम अिमत जैन व अय जो 2क
माननीय यायालय मF सं)ःथत था मF 2दये गये शपथ पऽ क/ छाया ूित
दा)खल करद ,इसके उपरात भी उ= प-रवाद मF अ)तम -रपोट पेश
करद ,जो 2क कानूनी Qप से अवैm है .
अत: ौीमानजी से िनवेदन है 2क,पऽावली पर उपलAध साआय तथा
प-रवाद /िल)खत बहस कता के दःतावेजी साआय जो 2क बहस के साथ
प-रवाद मायनीय यायालय को उपलAध करवा रहा है ,के आधार पर
अिभयु= गणP के )खलाफ़ ूसंnान लेने क/ कृ पा करF ,या माननीय 
यायालय जो उिचत समझF वह आदे श फ़रमाने क/ कृ पा करF .

2दनांक

प-रवाद

इकबाल राय जैन
पुऽ ौी ितलक चद जैन
33 शारदा कालोनी,गाधी पथ
Mवीस-रोड,वैशाली नगर
थाना वैशाली नगर
जयपुर

राजःथान

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